✨Status@Shayari✨
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Посты канала (20)
- कल तक तो आशना थे मगर आज गैर हो दो दिन में ये मिज़ाज़ है आगे की खैर हो....!! 30.05.2026
- कब कौन लिखता है मुक़द्दर दूसरे इंसान का ख़ुद रौशनी करनी है हम को जगमगाने के लिए 25.05.2026
- पहले वाली जुदाई में तो सलीक़ा ही ना था आ किसी मोड़ पर फिर मिल के दोबारा बिछड़ें 23.05.2026
- मैं किसी., अलग दास्तां का हिस्सा हूं....!! वो किसी., और की कहानी है....!! 19.05.2026
- सियाह रात थी गर्दिश में जब सितारा था मेरी खुशी को पत्थर किसी ने मारा था लिखेगी ज़िंदगी उस को सुनहरी लफ्ज़ों में तुम्हार… 10.05.2026
- कुछ बचाने के लिए उम्र गँवाते हुए लोग, ख़र्च हो जाएँगे ये ख़्वाब कमाते हुए लोग ! 07.05.2026
- बिल्कुल तुम सा और तुम्हारा लगता हूँ कभी-कभी मैं खुद को प्यारा लगता हूँ शायद मेरी जीत इसी में होती है उसके आगे हारा-हारा… 06.05.2026
- “I’ve firmly remembered this lesson.” “Jab dost ka dil udaas ho, to usay naseehat nahi karni chahiye; Usay bas khamoshi… 30.04.2026
- नींद आएगी भला कैसे...... उसे शाम के बाद,,, रोटियाँ भी न मयस्सर हों, जिसे काम के बाद !! 29.04.2026
- उसी को जीने का हक़ है जो इस ज़माने में इधर का लगता रहे और उधर का हो जाए। - वसीम बरेलवी 25.04.2026
- जो अंत तक निभा सकते थे... उन्हीं के हिस्से ही धोखे आए....💔 23.04.2026
- जिन्दगी हल्की सी जुम्बिश से फिसल सकती हैं ये ज़रूरी तो नहीं कोई कुचल कर जाये 21.04.2026
- रेज़ा-रेज़ा सपनों वाले, टूटे चेहरे, आधे लोग...!!🌸 जाने वाले कब आते हैं, क्यों करते हैं वादे लोग...!!🖤 19.04.2026
- “Logo se lagaav mujhe kha jaata hai, Mere liye mera tanha rehna hi behtar hai...!!” ~ @ghalib_wordz 19.04.2026
- Kabhi kabhi bas duaon ka sahara hi kaafi hota hai. 🤍 Join : @ghalib_wordz 🦢 19.04.2026
- बातों बातों में बिछड़ने का इशारा कर के ख़ुद भी रोया वो बहुत हमसे किनारा कर के.....!! 11.04.2026
- मसला तो एक ही शख्स का है पूरी दुनिया किसको चाहिए l 07.04.2026
- वो जो उतरे हैं हमारी नजरों से, कभी हमने उनकी नजरें उतारी थी... 07.04.2026
- When Noor jahan said, "جو چلا گیا مجھے چھوڑ کر، وہی آج تک میرے ساتھ ہے" she is really said the truth, "...kuch logon… 04.04.2026
- "قیدِ حیات و بندِ غم ، اصل میں دونوں ایک ہیں موت سے پہلے آدمی غم سے نجات پائے کیوں" — Mirza Ghalib 03.04.2026